फूल और काँटा — कविता व्याख्या, कवि परिचय और प्रश्नोत्तर | कक्षा 7 मल्हार कक्षा 7 की एनसीईआरटी हिंदी पाठ्यपुस्तक 'मल्हार' का तीसरा पाठ 'फूल और काँटा' कवि अयोध्यासिंह उपाध्याय 'हरिऔध' की एक भावपूर्ण कविता है, जो एक ही पौधे पर उगने वाले फूल और काँटे के माध्यम से मनुष्य के भिन्न-भिन्न स्वभावों और सच्चे बड़प्पन के अर्थ को उजागर करती है। इस लेख में आपको कवि-परिचय, मूल कविता, सरल व्याख्या, कठिन शब्दों के अर्थ, पाठ्यपुस्तक के सभी अभ्यास प्रश्नों के उत्तर (विशेषण-व्याकरण सहित) तथा अतिरिक्त अभ्यास प्रश्न (MCQ सहित) — सब कुछ एक ही जगह मिलेगा। इस लेख में: कवि परिचय • मूल पाठ • सरल व्याख्या • शब्द-संपदा • पाठ्यपुस्तक के अभ्यास • व्याकरण (विशेषण) • अतिरिक्त प्रश्न (MCQ/लघु/दीर्घ) • माइंड मैप • अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न कवि परिचय ह अयोध्यासिंह उपाध्याय 'हरिऔध' (जन्म: 15 अप्रैल 1865 — निधन: 16 मार्च 1947) 'फूल और काँटा' के रचयिता अयोध्यासिंह उपाध्याय 'हरिऔध' हिंदी साहित्य में 'कवि सम्राट' के नाम से विख्यात हैं। उन...